
मेरठ।
गरीबी के कारण सजा पूरी होने के बाद भी जिला कारागार में बंद दो कैदियों की मदद के लिए सामाजिक संस्था ने हाथ बढ़ाया। उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति की संगठन सचिव रीना शर्मा ने दोनों कैदियों की ओर से कुल 2 हजार रुपये का जुर्माना जमा कराया, जिसके बाद शनिवार को दोनों को चौधरी चरण सिंह जिला कारागार से रिहा कर दिया गया।
जुर्माना नहीं भर पाने के कारण जेल में थे दोनों
जानकारी के मुताबिक, 7 अगस्त को अदालत ने माधवपुरम निवासी जॉनी पुत्र राकेश और किदवई नगर निवासी रईयान पुत्र आसिफ को एक-एक हजार रुपये का जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई थी।
दोनों कैदी आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण जुर्माने की रकम जमा नहीं कर सके। इसके चलते सजा पूरी होने के बावजूद उन्हें जेल में रहना पड़ा।
संगठन सचिव ने जमा कराया दोनों का जुर्माना
मामले की जानकारी मिलने पर उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति की संगठन सचिव रीना शर्मा शनिवार को चौधरी चरण सिंह जिला कारागार पहुंचीं। उन्होंने दोनों कैदियों की ओर से एक-एक हजार रुपये का जुर्माना जमा कराया।
जुर्माने की राशि जमा होने के बाद जेल प्रशासन की प्रक्रिया पूरी कर दोनों कैदियों को रिहा कर दिया गया।
रिहाई के बाद जताया आभार
जेल से बाहर आने के बाद दोनों कैदियों ने सामाजिक संस्था और उसकी संगठन सचिव रीना शर्मा के प्रति आभार व्यक्त किया। संस्था की इस पहल से आर्थिक तंगी के कारण जेल में अतिरिक्त समय बिता रहे दोनों कैदियों को रिहाई मिल सकी।





