मौत से पहले सौरभ ने कैमरे के सामने खोला हमले का राज, बताया हमलावरों का नाम और विवाद की वजह
मेडिकल कॉलेज में मौत से पहले संविदाकर्मी सौरभ विश्वकर्मा ने कैमरे के सामने हमले की वजह और कथित हमलावरों के नाम बताए। बेटी के जन्म पर आर्केस्ट्रा कार्यक्रम के दौरान हुए विवाद को हमले की वजह बताया गया।

प्रतापगढ़।
लीलापुर थाना क्षेत्र के इटौरा गांव निवासी संविदा कर्मी सौरभ विश्वकर्मा की मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत से पहले उसने अपने साथ हुई मारपीट की पूरी कहानी कैमरे के सामने बयां की थी। गंभीर रूप से घायल सौरभ ने बताया था कि आखिर किस विवाद की खुन्नस में उसे घेरकर बेरहमी से पीटा गया। उसने हमलावरों के नाम और घटना के पीछे की वजह भी बताई थी। सौरभ के बयान के कुछ ही समय बाद उसकी सांसें थम गईं। घटना के बाद से गांव में सन्नाटा पसरा है, जबकि परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
बेटी के जन्म पर घर में कराया था आर्केस्ट्रा का कार्यक्रम
मृतक सौरभ के मुताबिक कुछ दिन पहले उसके घर बेटी का जन्म हुआ था। बेटी के जन्म की खुशी में उसने घर पर आर्केस्ट्रा का कार्यक्रम आयोजित किया था। कार्यक्रम में गांव और आसपास के लोग भी पहुंचे थे। सौरभ ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान डांस देखने को लेकर कुछ लोगों से उसका विवाद हो गया था। उस समय मामला किसी तरह शांत हो गया, लेकिन विवाद की खुन्नस हमलावरों के मन में बनी रही।
पुरानी खुन्नस में घेरकर किया हमला
सौरभ ने बताया कि इसी विवाद को लेकर कुछ लोगों ने उसे रास्ते में घेर लिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। आरोप है कि हमलावरों ने उसे बेरहमी से पीटा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना की जानकारी मिलने पर परिजन और ग्रामीण उसे उपचार के लिए अस्पताल ले गए। हालत गंभीर होने पर उसे मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उसका इलाज चल रहा था।
कैमरे के सामने बयां की पूरी घटना
मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान सौरभ ने अपनी आपबीती कैमरे के सामने बताई। उसने घटना की वजह बताते हुए कहा कि बेटी के जन्म पर आयोजित आर्केस्ट्रा कार्यक्रम में डांस देखने के दौरान हुए विवाद की खुन्नस में उस पर हमला किया गया। सौरभ ने कथित हमलावरों के नाम भी बताए। उसका बयान सामने आने के बाद परिजनों को उम्मीद थी कि वह ठीक होकर घर लौटेगा, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।
बयान के बाद थम गईं सांसें, गांव में दहशत
कैमरे के सामने घटना की पूरी कहानी बयां करने के बाद इलाज के दौरान सौरभ की हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। गांव में भी मातम और दहशत का माहौल है। घटना को लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है और लोग आरोपितों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। अब सौरभ का मौत से पहले दिया गया बयान घटना की जांच में अहम कड़ी माना जा रहा है। पुलिस द्वारा मामले में आरोपों, मृतक के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सौरभ विश्वकर्मा की हत्या पर विधायक डॉ आरके वर्मा ने जारी बयान में कहा है कि जब भाजपा की सरकार में सूबे से अपराधियों का पलायन हो गया है तो यह कौन लोग है जो जघन्य घटनाओं को अंजाम दे रहे है।उन्होंने हमलावारों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही और पीड़ित को आर्थिक मदद तथा सुरक्षा प्रदान किए जाने की मांग की है।





