गुरु पूर्णिमा पर अधिवक्ता परिषद ने किया गुरु सम्मान समारोह, वरिष्ठ अधिवक्ताओं का हुआ सम्मान
प्रतापगढ़ में गुरु पूर्णिमा के अवसर पर अधिवक्ता परिषद अवध इकाई ने गुरु सम्मान समारोह आयोजित किया। वरिष्ठ अधिवक्ताओं को अंगवस्त्र और सुंदरकांड भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में गुरु-शिष्य परंपरा और भारतीय संस्कृति में गुरु के महत्व पर प्रकाश डाला गया।

प्रतापगढ़।
गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर अधिवक्ता परिषद अवध, प्रतापगढ़ इकाई की ओर से जिला कलेक्ट्रेट परिसर स्थित सेंट्रल बार एसोसिएशन सभागार में गुरु सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिवक्ताओं के विधिक, सामाजिक और नैतिक योगदान का सम्मान करते हुए उन्हें अंगवस्त्र और ‘सुंदरकांड’ की पुस्तक भेंट की गई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता परिषद के अध्यक्ष मनोज सिंह ने की, जबकि संचालन महामंत्री शिवेश कुमार शुक्ल (एडवोकेट) ने किया। समारोह का शुभारंभ गुरु वंदना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।
इस अवसर पर वरिष्ठ अधिवक्ता पं. राधेश्याम शुक्ल, ज्ञानेंद्र श्रीवास्तव, राजाराम सरोज, अरविंद कुमार शुक्ल, राममिलन शुक्ल, चंद्रभान सिंह और सी.बी. सिंह सहित लगभग एक दर्जन वरिष्ठ अधिवक्ताओं को सम्मानित किया गया।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में मनोज सिंह ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोच्च है। गुरु के मार्गदर्शन से ही व्यक्ति ज्ञान, संस्कार और सफलता प्राप्त करता है। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ अधिवक्ता युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत हैं और उनके अनुभवों से निरंतर सीख लेनी चाहिए।
महामंत्री शिवेश कुमार शुक्ल ने सभी अतिथियों और सम्मानित अधिवक्ताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि गुरु सम्मान की यह परंपरा समाज में ज्ञान, संस्कार और सम्मान की भावना को मजबूत करती है। कार्यक्रम में उपस्थित अधिवक्ताओं ने भी गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर अपने विचार रखे।
समारोह में अधिवक्ता परिषद के प्रदेश और जिला पदाधिकारियों सहित बड़ी संख्या में वरिष्ठ एवं कनिष्ठ अधिवक्ता उपस्थित रहे।





