मानिकपुर नगर पंचायत में चार माह बाद लौटे ईओ अतुल सिंह रघुवंशी, रुके विकास कार्यों को मिली नई उम्मीद
प्रतापगढ़ के मानिकपुर नगर पंचायत में चार माह बाद अधिशासी अधिकारी अतुल सिंह रघुवंशी ने दोबारा कार्यभार संभाल लिया। नगर विकास विभाग के आदेश के बाद उनकी वापसी से रुके विकास कार्यों और कांवड़ यात्रा की तैयारियों को नई गति मिलने की उम्मीद है।

कुंडा/प्रतापगढ़ :
मानिकपुर नगर पंचायत में करीब चार महीने से चले आ रहे प्रशासनिक गतिरोध के बाद शनिवार को बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला। नगर विकास विभाग, लखनऊ के आदेश पर अधिशासी अधिकारी (ईओ) अतुल सिंह रघुवंशी ने दोबारा कार्यभार ग्रहण कर लिया। उनकी वापसी से लंबे समय से रुके विकास कार्यों के दोबारा शुरू होने की उम्मीद बढ़ गई है।
चार महीने से प्रभावित थे विकास कार्य
पिछले चार महीनों से ईओ और नगर पंचायत अध्यक्ष चंद्रलता जायसवाल के बीच चले प्रशासनिक विवाद का असर नगर के विकास कार्यों पर पड़ा। नालियों की सफाई, सड़क निर्माण, जल निकासी और अन्य विकास योजनाएं प्रभावित रहीं। मानसून के दौरान जलभराव और सफाई व्यवस्था को लेकर भी लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
कार्यभार संभालने से पहले मंदिर में किया दर्शन
शनिवार दोपहर करीब 12 बजे ईओ अतुल सिंह रघुवंशी नगर विकास विभाग के आदेश के साथ नगर पंचायत कार्यालय पहुंचे। कार्यभार ग्रहण करने से पहले उन्होंने कार्यालय परिसर स्थित पंचमुखी हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की। इसके बाद बड़े बाबू राकेश सोनकर सहित कर्मचारियों से लंबित कार्यों और नगर की वर्तमान स्थिति की जानकारी ली।
कांवड़ यात्रा की तैयारियां पहली प्राथमिकता
कार्यभार संभालते ही ईओ ने 3 अगस्त से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा की तैयारियों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था समय रहते सुनिश्चित की जाए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
नगरवासियों को विकास कार्यों के शुरू होने की उम्मीद
ईओ की वापसी के बाद नगर पंचायत कर्मचारियों में उत्साह का माहौल है। नगरवासियों का भी मानना है कि यदि प्रशासन और निर्वाचित नेतृत्व के बीच बेहतर समन्वय बना रहा, तो लंबे समय से रुके विकास कार्यों को जल्द गति मिलेगी और नागरिक सुविधाओं में सुधार देखने को मिलेगा।





