विधानसभा सत्र से पहले सपा का शक्ति प्रदर्शन, अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना
लखनऊ में समाजवादी पार्टी की विधानमंडल दल की बैठक के बाद अखिलेश यादव ने कहा कि आगामी यूपी विधानसभा सत्र में किसान, युवा, छात्र, बेरोजगारी, शिक्षा, महंगाई और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरा जाएगा।

लखनऊ।
उत्तर प्रदेश विधानसभा के आगामी मानसून सत्र से पहले समाजवादी पार्टी ने अपनी रणनीति स्पष्ट कर दी है। पार्टी के राज्य मुख्यालय स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया सभागार में आयोजित विधानमंडल दल की बैठक के बाद सपा अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि पार्टी विधानसभा में किसानों, युवाओं, छात्रों, बेरोजगारी, शिक्षा, महंगाई, भ्रष्टाचार और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाएगी।
बैठक में विधानसभा और विधान परिषद के सभी सदस्य शामिल हुए। इसके बाद आयोजित प्रेसवार्ता में अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा। 
किसानों और युवाओं के मुद्दे पर सरकार को घेरा
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि किसानों को समय पर खाद और बीज उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि खेती की लागत लगातार बढ़ रही है, जबकि किसानों की आय बढ़ाने के दावे पूरे नहीं हुए।
युवाओं और छात्रों का जिक्र करते हुए उन्होंने भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं, बेरोजगारी और सरकारी नौकरियों में भर्ती प्रक्रिया को लेकर सरकार पर सवाल उठाए। उनका आरोप था कि इन घटनाओं से लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है।
शिक्षा व्यवस्था पर भी उठाए सवाल
सपा प्रमुख ने दावा किया कि प्रदेश में बड़ी संख्या में प्राथमिक विद्यालयों का विलय या बंद किया गया है, जिससे लाखों विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हुई। उन्होंने शिक्षकों की कमी और शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी सरकार की नीतियों की आलोचना की।
एक्सप्रेस-वे, एथेनॉल और विकास परियोजनाओं पर टिप्पणी
प्रेसवार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं में कथित अनियमितताओं का आरोप लगाया। उन्होंने पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण के संबंध में वाहन निर्माताओं से लोगों को स्पष्ट जानकारी देने की भी बात कही। इसके अलावा उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे और मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय से जुड़े मुद्दों का भी उल्लेख किया।
चार दिन के विधानसभा सत्र पर उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने विधानसभा के प्रस्तावित चार दिवसीय सत्र को लेकर कहा कि इतनी कम अवधि में जनहित के महत्वपूर्ण मुद्दों पर गंभीर चर्चा संभव नहीं है। उनके अनुसार, सरकार प्रमुख विषयों पर बहस से बच रही है।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के सभी विधायक और विधान परिषद सदस्य आगामी विधानसभा सत्र में किसानों, छात्रों, युवाओं, बेरोजगारी, शिक्षा, महंगाई, भ्रष्टाचार और प्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगेंगे।





