अवध विवि के 31वें दीक्षांत समारोह की फुल रिहर्सल पूरी, 120 मेधावियों को मिलेंगे स्वर्ण पदक
डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में 31वें दीक्षांत समारोह का फुल रिहर्सल हुआ। कुलपति प्रो. बिजेंद्र सिंह ने तैयारियों का जायजा लिया। समारोह में 120 स्वर्ण पदक और 1,66,055 उपाधियां डिजिलॉकर पर अपलोड की जाएंगी।

अयोध्या।
डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में आगामी 12 अगस्त 2026 को होने वाले 31वें दीक्षांत समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए विवेकानंद सभागार (दीक्षांत मंडप) में भव्य फुल रिहर्सल आयोजित की गई। कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में हुए पूर्वाभ्यास में दीक्षांत समारोह की सभी व्यवस्थाओं को परखा गया।
पूर्वाभ्यास का शुभारंभ बटुकों के वेद मंत्रोच्चार और स्वस्ति वाचन के साथ हुआ। इसके बाद वंदे मातरम् और विश्वविद्यालय के कुलगीत की प्रस्तुति दी गई। डोगरा रेजीमेंट की बैंड टीम ने आकर्षक धुनों के साथ दीक्षांत शोभायात्रा की अगवानी की। कार्यक्रम का मंच संचालन प्रो. नीलम पाठक ने किया।
120 मेधावियों को मिलेंगे स्वर्ण पदक
फुल रिहर्सल के दौरान कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह ने विश्वविद्यालय की प्रगति आख्या प्रस्तुत की। इसके बाद उन्होंने स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को भारतीय संस्कृति और परंपरा के अनुरूप दीक्षोपदेश का प्रशिक्षण दिया।
पूर्वाभ्यास के दौरान छात्र-छात्राओं की उपाधियों को डिजिलॉकर पर अपलोड करने की प्रक्रिया का भी सफल परीक्षण किया गया। विश्वविद्यालय के अनुसार 12 अगस्त को होने वाले मुख्य समारोह में मेधावियों को कुल 120 स्वर्ण पदक प्रदान किए जाएंगे।
31वें दीक्षांत समारोह में स्नातक और परास्नातक की कुल 1,66,055 उपाधियां कुलाधिपति की ओर से डिजिलॉकर पर अपलोड की जाएंगी।
समाज और राष्ट्र निर्माण की जिम्मेदारी याद दिलाता है दीक्षांत समारोह
कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह ने कहा कि दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों के कठिन परिश्रम, समर्पण और विद्वता का उत्सव है। यह अवसर युवाओं को समाज और राष्ट्र निर्माण के प्रति उनके दायित्वों का स्मरण कराता है।
उन्होंने कहा कि मेधावी छात्र जब विश्वविद्यालय से शिक्षा के साथ दीक्षोपदेश के संस्कार लेकर निकलेंगे तो समाज में उत्कृष्टता और नैतिक मूल्यों के नए मानक स्थापित करने में योगदान देंगे।
मंच से लेकर राष्ट्रगान तक सभी व्यवस्थाओं का हुआ अभ्यास
फुल रिहर्सल के दौरान दीक्षांत शोभायात्रा के प्रवेश से लेकर मंच संचालन, उपाधि और पदक वितरण तथा राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम के समापन तक सभी प्रक्रियाओं का बारीकी से अभ्यास किया गया। अधिकारियों ने प्रत्येक व्यवस्था का निरीक्षण कर आवश्यक तैयारियों को अंतिम रूप दिया।
इस अवसर पर विद्या परिषद और कार्य परिषद के सदस्य, कुलसचिव विनय कुमार सिंह, वित्त अधिकारी पूर्णेंदु शुक्ल, विभागाध्यक्ष, वरिष्ठ शिक्षक और विश्वविद्यालय के अधिकारी मौजूद रहे।





