मेरठ के पीएसी जवान की संदिग्ध मौत, ऑनलाइन गेमिंग, कर्ज और मानसिक तनाव की जांच
मेरठ के रोहटा निवासी और बाराबंकी की 10वीं वाहिनी पीएसी में तैनात जवान दीपक कुमार मृत पाए गए। प्रारंभिक जांच में ऑनलाइन गेमिंग, आर्थिक कर्ज और मानसिक तनाव की बात सामने आई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

मेरठ/बाराबंकी।
मेरठ के रोहटा निवासी और बाराबंकी की 10वीं वाहिनी पीएसी में तैनात 28 वर्षीय सिपाही दीपक कुमार रविवार सुबह पीएसी परिसर की एक खाली आरटीसी बैरक में मृत पाए गए। सूचना मिलने पर पुलिस और पीएसी के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
दीपक कुमार वर्ष 2021 बैच के सिपाही थे और वर्ष 2022 से 10वीं वाहिनी पीएसी, बाराबंकी में तैनात थे। उनकी ड्यूटी महादेवा मेले में लगाई गई थी। शनिवार शाम से उनके संपर्क में न होने पर तलाश शुरू की गई और रविवार सुबह साथी जवानों ने उन्हें बैरक में मृत अवस्था में पाया।
प्रारंभिक जांच में क्या सामने आया?
पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि दीपक कुछ समय से मानसिक तनाव, घरेलू समस्याओं और आर्थिक कठिनाइयों का सामना कर रहे थे। साथी जवानों ने पुलिस को बताया कि उन्हें ऑनलाइन गेमिंग की लत थी और इस कारण उन्होंने कई लोगों से कर्ज लिया था।
हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मौत के कारणों की अंतिम पुष्टि जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही की जाएगी। फिलहाल सभी संभावित पहलुओं की जांच जारी है।
परिवार में पत्नी और दो साल की बेटी
दीपक के बड़े भाई अजय सिंह उर्फ बंटी, नोएडा में उपनिरीक्षक हैं। उन्होंने बताया कि दीपक ने ग्रेजुएशन के बाद पुलिस सेवा जॉइन की थी और पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में थे। परिवार में पत्नी, दो वर्षीय बेटी, दो भाई और दो बहनें हैं। छोटे भाई गौतम सिंह कृषि विभाग में जूनियर इंजीनियर हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, दीपक पर काफी आर्थिक कर्ज था और परिवार पहले भी उनका बड़ा कर्ज चुका चुका था। इन दावों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है।
राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई
सोमवार को दीपक कुमार का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव रोहटा (मेरठ) पहुंचा। बड़ी संख्या में ग्रामीण, पुलिसकर्मी, जनप्रतिनिधि और शुभचिंतक अंतिम दर्शन के लिए मौजूद रहे। पीएसी के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर उन्हें अंतिम सलामी दी और राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया।





